डिजिटल मीडिया की विज्ञापन दरें बढ़ाने की मांग


सूचना महानिदेशक से मिला श्रमजीवी पत्रकार यूनियन का प्रतिनिधिमंडल, दरों के पुनर्निर्धारण का दिया भरोसा
देहरादून। उत्तराखंड श्रमजीवी पत्रकार यूनियन ने न्यूज पोर्टल और वेबसाइटों को मिलने वाले सरकारी विज्ञापनों की वर्तमान दरों में बढ़ोतरी की मांग की है। यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष अरुण शर्मा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी से मुलाकात कर इस संबंध में ज्ञापन सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि डिजिटल मीडिया का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन पोर्टल और वेबसाइटों के संचालन की लागत में लगातार वृद्धि के बावजूद विज्ञापन दरों में अपेक्षित संशोधन नहीं किया गया है। सर्वर, तकनीकी रखरखाव, स्टाफ, समाचार संकलन, कंटेंट निर्माण, कैमरा, वीडियो एडिटिंग और वेबसाइट प्रबंधन सहित अन्य खर्च लगातार बढ़ रहे हैं।
यूनियन ने विभाग में विज्ञापन के लिए सूचीबद्ध न्यूज पोर्टल और वेबसाइटों को मिलने वाले बैनर और वीडियो एड फिल्म विज्ञापनों की दरों पर पुनर्विचार की मांग की। यूनियन के अनुसार वर्तमान व्यवस्था में प्रति बैनर अथवा वीडियो फिल्म विज्ञापन की दर करीब 1200 रुपये प्रतिमाह है, जबकि कुल 7200 रुपये प्रतिमाह की विज्ञापन दर निर्धारित है। यूनियन ने वर्तमान परिस्थितियों और संचालन लागत को देखते हुए विज्ञापन राशि को सम्मानजनक स्तर तक बढ़ाने की मांग की।
प्रदेश अध्यक्ष अरुण शर्मा ने कहा कि न्यूज पोर्टल और वेबसाइटें सरकार की योजनाओं, विकास कार्यों और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों की जानकारी जनता तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। डिजिटल मीडिया संस्थानों को आर्थिक रूप से मजबूत किया जाना जरूरी है, ताकि वे पत्रकारों और तकनीकी स्टाफ को बेहतर संसाधन उपलब्ध कराने के साथ गुणवत्तापूर्ण पत्रकारिता जारी रख सकें।
सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि पत्रकारों और मीडिया संस्थानों के हितों को लेकर सरकार और सूचना विभाग गंभीर हैं। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का महत्वपूर्ण आधार है और पत्रकारों के हितों की अनदेखी नहीं होने दी जाएगी। डिजिटल मीडिया की व्यावहारिक समस्याओं को ध्यान में रखते हुए विज्ञापन दरों में संशोधन की मांग का विभागीय स्तर पर नियमानुसार परीक्षण कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि पत्रकार हितों से जुड़े मामलों में सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
प्रतिनिधिमंडल ने उम्मीद जताई कि विभाग डिजिटल मीडिया संस्थानों की बढ़ती संचालन लागत को ध्यान में रखते हुए विज्ञापन दरों के पुनर्निर्धारण की दिशा में सकारात्मक कदम उठाएगा।
