July 14, 2026

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सात सूत्रीय मांगों पर अड़े सफाई कर्मचारी, आक्रोश रैली के बाद भूख हड़ताल किया शुरू

अल्मोड़ा में सात सूत्रीय मांगों को लेकर सफाई कर्मचारियों ने प्रदर्शन कर विरोध जताया. साथ ही कर्मचारियों ने भूख हड़ताल शुरू किया.

अल्मोड़ा: नगर निगम के सफाई कर्मचारी अपनी सात सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलन तेज करते हुए सड़कों पर उतर आए. कर्मचारियों ने नगर निगम परिसर से आक्रोश रैली निकालकर सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया और लंबित मांगों पर शीघ्र निर्णय लेने की मांग करते हुए शाम से आमरण अनशन शुरू कर दिया है.

उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ के बैनर तले नगर निगम के सफाई कर्मचारी 18 जून से नगर निगम परिसर में धरने पर बैठे हैं, वहीं सोमवार से उन्होंने भूख हड़ताल शुरू कर दी है.पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत निकाली गई रैली नगर निगम परिसर से माल रोड, मिलन चौक, लाला बाजार, चौक बाजार, कचहरी बाजार, जौहरी बाजार और थाना बाजार होते हुए चौघानपाटा से वापस नगर निगम पहुंची. पूरे मार्ग में कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया.

रैली के दौरान बड़ी संख्या में कर्मचारी शामिल रहे. रैली के समापन के बाद उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ के प्रदेश महासचिव राजपाल पवार नगर निगम परिसर में आमरण अनशन पर बैठ गए. उन्होंने कहा कि संगठन लंबे समय से अपनी मांगों के समाधान के लिए जनप्रतिनिधियों और मुख्यमंत्री से कई बार मुलाकात कर चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई. उन्होंने कहा कि सरकार की उदासीनता के कारण कर्मचारियों को आंदोलन और भूख हड़ताल का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ा है.

उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक मांगों का समाधान नहीं होगा, आंदोलन जारी रहेगा. संगठन की प्रमुख मांगों में ठेका प्रथा समाप्त करना, वर्षों से कार्यरत कर्मचारियों को संविदा में समायोजित करना, मृतक आश्रित नियमावली में शिथिलता देना, पुरानी पेंशन योजना लागू करना तथा अन्य कर्मचारी हितों से जुड़ी सात मांगों का शीघ्र समाधान शामिल है. प्रदेश मंत्री राजपाल पंवार ने आरोप लगाया कि सरकार लगातार सफाई कर्मचारियों की समस्याओं की अनदेखी कर रही है.

उन्होंने कहा कि कई बार ज्ञापन देने और आंदोलन करने के बावजूद कर्मचारियों की मांगों पर कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई.यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा. आंदोलन के दौरान दीपक चंदेल, अशोक पवार, अनिल कुमार, नरेश पुजारी, रोहताश केशरी, प्रदीप कुमार, कैलाश चंद्रेल सहित बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारी मौजूद रहे.

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